अपने ब्लॉग को Google में टॉप स्थान पर लाने के 14 असली टिप्स (2023) Blog Ko Rank Kaise Kare

हमारे अनेक पाठकों का यह सवाल है कि 2023 में उनके blog ko rank kaise kare, यदि आप भी इस समस्या से परेशान हैं तो आप सही जगह पर हैं। हम यहां 17 बहुत ज़रूरी टिप्स बताएंगे जो आपके ब्लॉग पोस्ट को गूगल के टॉप में रैंक करने में मदद करेंगे। हम पिछले 5 साल से डिजिटल मार्केटिंग में काम कर रहे हैं और अपने ब्लॉग और सहयोगियों के SEO के लिए काम करते हैं, जिससे हमारे ब्लॉग के पोस्ट गूगल के पहले पेज पर रैंक होते हैं। वास्तव में, गूगल द्वारा ब्लॉग को टॉप में रैंक कराने के लिए करीब 200 फैक्टर्स होते हैं, जिन्हें सही करना होगा, लेकिन आप कुछ महत्वपूर्ण फैक्टर्स को सुधार कर अपने ब्लॉग को टॉप में रैंक करा सकते हैं।

इस पोस्ट में हमने 17 सुधारों के बारे में विस्तार से बताया है जो आपके सवाल “blog ko top mein rank kaise karen” का जवाब देने में मदद करेंगे। ज्यादातर नए ब्लॉगर इस पोस्ट को पढ़ रहे होंगे क्योंकि उन्हें अपने ब्लॉग को गूगल के टॉप पर रैंक करने में कई दिक्कतें आती हैं। साल 2022 में गूगल ने अपनी रैंकिंग के नियमों में कई बदलाव किए हैं और हमने इस पोस्ट को उन नए नियमों के आधार पर कस्टमाइज किया है ताकि आप अपने ब्लॉग को नए तरीकों से कस्टमाइज करके उसे टॉप रैंक पर ला सकें।

Blog Ko Rank Kaise Kare

अपने ब्लॉग या वेबसाइट को गूगल के टॉप में रैंक कराने के लिए बहुत से नियम होते हैं। चाहे वह ब्लॉग, सामग्री लेखन वाली वेबसाइट, सिंगल पेज टूल वेबसाइट हो या फिर प्रोडक्ट वाली वेबसाइट। इसलिए, हम आपको यहां “Blog Ko Rank Kaise Kare” के लिए 17 नियम बताने जा रहे हैं जो आपके लिखे गए सभी पोस्ट में अप्लाई करने से आपको गूगल में शीर्ष स्थान पर रैंक मिल सकता है। इसके लिए, आपको निरंतर मेहनत करनी होगी, लेकिन इन सभी स्टेप्स को एक-एक करके फॉलो करते जाने से धीरे-धीरे आप देखेंगे कि आपका अपना ब्लॉग का पोस्ट सर्च रिजल्ट में टॉप में आने लगेगा।

1. अपने ब्लॉग टॉपिक से रिलेटेड डोमेन नेम चुने

ब्लॉग रैंकिंग के लिए ब्लॉग बनाना बहुत अहम है। इसके लिए आपको अपने ब्लॉग के विषय के अनुसार अपना डोमेन नेम खरीदना चाहिए। मैं अपने ब्लॉग पर ब्लॉगिंग और एसईओ से संबंधित जानकारी साझा करता हूं इसलिए मैंने seohelp नाम का डोमेन रजिस्टर करवाया था। यह एक बहुत अहम फैक्टर है जो ब्लॉग की रैंकिंग में मदद करता है।

लेकिन सिर्फ अपने ब्लॉग से संबंधित डोमेन लेने से काम नहीं होता है। आपको अन्य नियमों का भी पालन करना होता है। आपने अपने डोमेन नेम के रजिस्ट्रेशन के वक़्त अगर अपने ब्लॉग के टॉपिक पर ध्यान नहीं दिया था तो भी आप अपने आगे के स्टेप्स को फॉलो कर सकते हैं।

2. एक अच्छा Hosting कंपनी को चुने।

आज के समय में हमारे ब्लॉग की लोडिंग स्पीड उसकी रैंकिंग के लिए बहुत मायने रखती है क्योंकि गूगल सिर्फ उन्हीं साइट्स को रैंक करता है जिनकी पेज लोडिंग स्पीड तेज होती है। यह सुनिश्चित करने के लिए कि आपकी साइट की लोडिंग स्पीड और प्रदर्शन अच्छा बना रहे, आपको एक अच्छा होस्टिंग प्रदाता चुनने की ज़रूरत होगी। हम आपको DigitalOcean VPS सर्वर चुनने की सलाह देते हैं। हालाँकि, DigitalOcean को चलाना उतना आसान नहीं है जितना लगता है, और इसके प्रभावी ढंग से काम करने के लिए आपके पास कुछ तकनीकी ज्ञान होना चाहिए।

अगर आप DigitalOcean को ठीक से समझ जाते हैं तो आप अपने ब्लॉग को बहुत अच्छी तरह से होस्ट कर सकते हैं और इसका मूल्य बड़ी होस्टिंग कंपनियों से अधिक नहीं होता है। कुछ लोग सस्ती होस्टिंग कंपनियों का चयन करते हैं, लेकिन याद रखें कि हमारी वेबसाइट की बेस या जड़ होस्टिंग होती है, इसलिए आपको कंजूसी नहीं करनी चाहिए और एक बेस्ट होस्टिंग प्रोवाइडर का चूनाव करना चाहिए।

3. अपने Post के URL को Optimize करें।

जब हम अपने नए ब्लॉग को शुरू करते हैं, तो सबसे पहला काम होता है अपने ब्लॉग के URL स्ट्रक्चर को सेट करना। अगर आपका ब्लॉग WordPress पर है, तो आप WordPress एडमिन पैनल को खोलें और Settings पर जाएं, फिर Permalink ऑप्शन पर क्लिक करें। अब दाहिने साइड में 6 तरह के URL विकल्प दिखाई देंगे, जिसमें हम Post Name को चुनने की सिफारिश करते हैं।

यह यूआरएल सबसे छोटा होता है और बिल्कुल साफ-सुथरा होता है, जो SEO के लिए बेहतर होता है। लेकिन, अगर आपने अपने ब्लॉग पर कुछ दिन काम किया है और कुछ पोस्ट डाल चुके हैं, तो इसमें बदलाव न करें। यह ब्लॉग बनाने के साथ ही बदलना चाहिए।

Post URL को Optimize करें।

जब आप अपने ब्लॉग पर पोस्ट लिखते हैं, तो उसके URL को ऑप्टिमाइज करना बहुत महत्वपूर्ण होता है। आपको अपने ब्लॉग पोस्ट के मुख्य कीवर्ड को उसके URL में जरूर शामिल करना चाहिए। WordPress ब्लॉग पोस्ट के URL को टाइटल के आधार पर बनाता है, लेकिन आपको उसमें बदलाव करके SEO फ्रेंडली URL बनाना चाहिए। आप Yoast SEO या Rank Math प्लगइन का उपयोग करके URL को ऑप्टिमाइज कर सकते हैं जिसमें दिए गए सुझावों का अनुसरण करना चाहिए।

4. SEO Friendly Post लिखें।

जब हम ब्लॉग पोस्ट लिखते हैं तो हमें ध्यान देना चाहिए कि हमारी पोस्ट एसइओ फ्रेंडली और यूजर फ्रेंडली होनी चाहिए। इससे हम यह सुनिश्चित करते हैं कि गूगल और हमारे पाठक दोनों को हमारी पोस्ट समझ में आती है। SEO फ्रेंडली पोस्ट लिखने के लिए हमें एक गाइड फॉलो करना चाहिए जो हमें यूजर और गूगल दोनों का ध्यान देता है।

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Title Tags को Optimize करें।

ब्लॉग पोस्ट के टाइटल को SEO friendly बनाने के लिए, हमें यह ध्यान रखना चाहिए कि सर्च इंजन में हमारे टाइटल को रैंक किया जा सके और यूजर को पोस्ट की समझ में मदद मिले। इसलिए, हमें अपने टाइटल में उस शब्द का उपयोग करना चाहिए जिसे यूजर खोज रहा हो। इसके अलावा, हमें अपने टाइटल को कम शब्दों में लिखना चाहिए जो यूजर को हमारे पोस्ट के बारे में जानने के लिए प्रेरित करें।

लंबा पोस्ट पब्लिश करें।

एक लंबे पोस्ट का मतलब होता है कि आप जिस विषय पर लिख रहे हैं, उसे अपने पोस्ट में पूरी तरह से समझाएं और कम से कम 1000 शब्दों और ज्यादा से ज्यादा 4000 शब्दों का पोस्ट लिखें। जो लोग अपने पोस्ट में विषय को पूरी तरह से कवर करते हैं, उनका पोस्ट टॉप में रैंक होता है। जब आप एक विषय को हर तरफ से कवर करने की कोशिश करते हैं, तो वह पोस्ट अपने आप ही लंबा हो जाता है। हालांकि, बड़ा पोस्ट लिखने के चक्कर में अनाप-शनाप चीजें नहीं लिखनी चाहिए। आपको सिर्फ जरूरी बातें लिखनी चाहिए।

5. Keywords Research करें।

अगर आप एसईओ फ्रेंडली पोस्ट लिखना चाहते हैं जो सर्च इंजन में टॉप स्थान प्राप्त कर सके, तो आपको पोस्ट लिखने से पहले उस पोस्ट के लिए कीवर्ड रिसर्च करना होगा। इसके लिए कई फ्री और पेड टूल हैं जिन्हें आप अपनी ज़रूरतों के मुताबिक़ इस्तेमाल कर सकते हैं। इसके साथ ही, आप Keyword Research Kaise Kare जैसे गाइड को भी पढ़ सकते हैं। कीवर्ड रिसर्च करने के लिए आप गूगल का भी इस्तेमाल कर सकते हैं। इसके लिए, आप अपने क्रोम ब्राउज़र में किसी कीवर्ड को टाइप करें, उदाहरण के लिए Digital Marketing और उसे सर्च करें। फिर आपको उसी कीवर्ड से संबंधित 10 से 15 कीवर्ड दिख जाएंगे। इस तरह से, आप एक उच्च गुणवत्ता वाली पोस्ट लिख सकते हैं जो सर्च इंजन में अधिक visibility हासिल कर सकती है।

जिन कीवर्ड का सजेस्टेड लिस्ट आपके सामने आ रहा है, वे हकीक़त में लोग इसे सर्च करते हैं जिससे गूगल इन्हें आपके लिए सजेस्ट कर रहा है। अगर आप इन कीवर्ड का इस्तेमाल अपनी पोस्ट में करते हैं तो आपकी पोस्ट सर्च इंजन में अधिक विज़िवल मिल सकते हैं।

Long Tail Keyword चुनें

जब आप अपना नया Blog शुरू करते हैं, तो आपको Long Tail Keyword का इस्तेमाल करना चाहिए। ये भारी शब्द होते हैं जो छोटे Short Tail Keyword से संभवतः अधिक उपयोगी होते हैं। इसलिए, आप अपनी पोस्ट को बेहतर ढंग से Rank कराने के लिए लंबा कीवर्ड इस्तेमाल करें। जैसे, अगर आपका कीवर्ड है “blog SEO,” तो आप इसे “blog SEO kaise kare” जैसे लंबे words या अल्फाज़ों में बदल सकते हैं, जो Long Tail Keyword कहलाते हैं।

6. Image Optimize करें।

हम अपने ब्लॉग पोस्ट में आमतौर पर फीचर इमेज का उपयोग करते हैं, जो बहुत महत्वपूर्ण होता है। इसके अलावा, जब हम किसी प्रोसेस के बारे में बताते हैं, तो हम उसे स्क्रीनशॉट या अन्य इमेज के द्वारा दर्शाते हैं। हम ब्लॉग पोस्ट में अपलोड करने से पहले इमेज को ऑप्टिमाइज करते हैं, जिसका मतलब है कि हम उसके फाइल साइज को कम करते हैं और इमेज के नाम को बदलते हैं। इसका मुख्य उद्देश्य ब्लॉग एसईओ को सुधारना होता है। ब्लॉग पोस्ट में शामिल करने के लिए, हम सभी इमेजों के फाइल साइज को 30 किलोबाइट से कम ही रखते हैं, जिसे हम वेब पी फॉर्मेट में कन्वर्ट करके आसानी से कर सकते हैं।

ज़रूरत के हिसाब से इमेज डालें

जब आप अपना पोस्ट वर्डप्रेस ब्लॉग में डालते हैं, तो आपके पास फीचर इमेज डालने का विकल्प होता है। आप फीचर इमेज को अपलोड करने के लिए उस ऑप्शन पर क्लिक करते हैं जिसमें आपको यह विकल्प दिखता है। फिर वर्डप्रेस आपके पोस्ट में टाइटल के नीचे उस इमेज को दिखाता है।

हालांकि, यदि आपको फीचर इमेज दूसरी जगहों पर डालनी हो तो आप उसे वहां पर अपलोड कर सकते हैं जहां ज्यादा जरूरत होती है। यदि आपको टाइटल के नीचे ही फीचर इमेज की आवश्यकता हो तो आप वर्डप्रेस में फीचर इमेज के ऑप्शन पर क्लिक करके इमेज अपलोड कर सकते हैं। यदि फीचर इमेज की आवश्यकता पोस्ट में नीचे है तो फिर आप फीचर इमेज के ऑप्शन का उपयोग नहीं करने की आवश्यकता है, बल्कि आप जहां ज्यादा जरूरत होती है वहां इमेज को अपलोड कर सकते हैं।

7. समय-समय पर Blog Post को अपडेट करें।

अपने ब्लॉग पोस्ट को नियमित रूप से अपडेट करना बहुत जरूरी होता है। आपको इस गाइड के माध्यम से पुराने ब्लॉग पोस्ट को कैसे अपडेट करना है, जानना चाहिए। जो सामग्री अब उपयोगी नहीं है, उसे हटा दें और नई सामग्री जोड़ें। आपको इमेज भी बदलने की जरूरत हो सकती है। अगर आप ब्लॉग पोस्ट को लंबे समय तक अपडेट नहीं करते हैं और उसमें लिखी गई सामग्री अब उपयोगी नहीं है, तो उसे “Dead Content” कहा जाता है।

एक पोस्ट को अपडेट करना उतना ही मेहनत से भरा होता है जितना उसे लिखने में लगता है। बहुत से लोग सिर्फ टाइटल को बदल देकर सोचते हैं कि उन्होंने अपना पोस्ट अपडेट कर दिया है, लेकिन सिर्फ दो-चार शब्दों को बदलने से पोस्ट अपडेट नहीं होता है। मौजूदा वक़्त में क्या प्रोसेस चल रहा है या फिर उस पोस्ट में क्या-क्या बदलाव करने की जरूरत है, इन बातों को बारीकी से देखना बहुत जरूरी है और फिर उनमे बदलाव करें।

8. अपने Blog के Loading Speed को बढ़ाएं।

ब्लॉग के लोडिंग स्पीड को बढ़ाने में सबसे महत्वपूर्ण भूमिका होस्टिंग की होती है। इसलिए, एक अच्छी और फास्ट होस्टिंग कंपनी का चयन करना बहुत जरूरी होता है। इसके अलावा, ब्लॉग के लोडिंग स्पीड को बढ़ाने के लिए और भी कई चीजें होती हैं। आपके ब्लॉग के पोस्ट को 3 सेकंड से कम समय में खोलना चाहिए, क्योंकि यह एक महत्वपूर्ण रैंकिंग फैक्टर होता है जिसे आप Google Search Console में जाकर “page experience” ऑप्शन पर जाकर चेक कर सकते हैं।

आप अपने ब्लॉग की लोडिंग स्पीड को जांचने के लिए गूगल के PageSpeed Insights नामक टूल का इस्तेमाल कर सकते हैं। यह टूल आपको LCP स्कोर, FID स्कोर और अन्य जाँच करने के लिए बहुत सारे विकल्प मुहैय्या करता है। इसके अलावा, आप अपने ब्लॉग की लोडिंग स्पीड को बढ़ाने के लिए इस गाइड को पढ़ सकते हैं जिसमें बताए गए सुझावों का अनुसरण करें। Website की Loading Speed कैसे बढ़ाये

File और Database को Optimize करें

एक ब्लॉग का अच्छा रैंकिंग पाने के लिए उसकी लोडिंग स्पीड तेज होनी चाहिए। इसलिए, आपको अपने ब्लॉग की फाइल और डेटाबेस को ऑप्टिमाइज करना आना चाहिए। चाहे आपकी होस्टिंग शेयर्ड हो या VPS या कोई अन्य हो, आपको टेक्निकल ज्ञान होना चाहिए ताकि आप इन समस्याओं को दूर कर सकें। आप गूगल सर्च करके यूट्यूब पर वीडियो देखकर होस्टिंग को ठीक से चलाना सीख सकते हैं। जब आप फाइल और डेटाबेस को ऑप्टिमाइज करना सीख जाएंगे, तब आपके ब्लॉग की लोडिंग स्पीड तेज होगी।

9. Bounce Rate कम करें

जब कोई विजिटर आपके ब्लॉग पेज पर आता है और उसी पेज से वापस चला जाता है तो उसे ‘बाउंस’ माना जाता है। इससे आपके साइट का बाउंस रेट बढ़ता है जो SEO के लिए अच्छा नहीं होता। लेकिन अगर कोई यूजर आपके ब्लॉग पेज पर आता है, उस पोस्ट को पढ़ने के बाद दूसरे पोस्ट पर जाता है और उस पोस्ट को भी पढ़ता है और फिर अपनी प्रतिक्रिया देता है, तो इससे आपके साइट का बाउंस रेट कम होता है जो गूगल को एक पॉजिटिव संदेश देता है। आपके ब्लॉग को अच्छी रैंकिंग पाने के लिए आपके साइट का बाउंस रेट कम से कम होना चाहिए जो औसतन 60 से 90 प्रतिशत होता है। आप Google Analytics अकाउंट में बाउंस रेट की जांच कर सकते हैं।

Bounce Rate कम करने के लिए Post में Interlinking करें

आपको बाउंस रेट कम करने के लिए अपने ब्लॉग पोस्ट को उनिक करने की जरूरत होगी। इसके लिए, आपको अपने पोस्ट में एक बार से ज्यादा इंटरलिंक करना होगा ताकि यूजर आपके ब्लॉग के अलग-अलग पोस्ट में जाकर समय बिताएँ। इंटरलिंकिंग के माध्यम से आपके ब्लॉग का बाउंस रेट कम होने लगेगा। आप हमारे द्वारा लिखे गए एक पूर्ण पोस्ट को देख सकते हैं, जिसमें हमने बाउंस रेट को कम करने के बारे में विस्तार से बताया है। आप उस पोस्ट को देखकर अपने ब्लॉग का बाउंस रेट कम कर सकते हैं। Bounce Rate कम कैसे करें।

10. Broken Link चेक करते रहें।

Broken Link का मतलब होता है कि एक टूटा हुआ लिंक जो कि आपके ब्लॉग के रैंकिंग पर बुरा प्रभाव डालता है। आमतौर पर इंटरलिंकिंग या आउटबाउंड लिंकों में टूटे हुए लिंक होते हैं। यदि आप अपने ब्लॉग के एक पोस्ट में दूसरे पोस्ट का लिंक इंटरलिंक किया है और उस पोस्ट को बाद में डिलीट कर दिया हैं तो आपको उस लिंक को भी हटा देना चाहिए।

यदि कोई उपयोगकर्ता उस लिंक पर क्लिक करता है तो उन्हें 404 नोट फाउंड का एरर मिलेगा क्योंकि आपने उस पोस्ट को डिलीट कर दिया है जो कि SEO के लिए अच्छा नहीं होता है। इसी तरह से, अगर आप किसी बाहरी साइट को अपने पोस्ट में लिंक करते हैं और उस साइट को बाद में डिलीट कर दिया जाता है तो वह लिंक भी टूटा हुआ लिंक माना जाता है जिसे आपको बदलना या हटाना होगा।

11. Social Media Platform पर Blog Post Share करें।

आजकल बहुत सारे पॉपुलर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म हैं जैसे Facebook, Instagram, Twitter, Linkedin, Tumblr आदि जहाँ आप अपने ब्लॉग पोस्ट को शेयर कर सकते हैं। जब आप सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर अपना पोस्ट शेयर करते हैं तो आया हुआ यूजर आपके साइट पर समय बिताता है और एक पेज से दूसरे पेज पर जाता है, तो इससे गूगल को एक पॉजिटिव संदेश मिलता है और फिर गूगल आपके पेज को रैंक करने में मदद करता है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर प्रोफाइल बनाते समय आप उन सभी प्रोफाइल में अपने ब्लॉग का लिंक भी दे सकते हैं जिससे आपको उन सभी साइटों से बैकलिंक मिलता है।

12. Guest Post लिखें

गेस्ट पोस्ट के माध्यम से आप हाई क्वालिटी वाले बैकलिंक हासिल कर सकते हैं। इसके लिए, आपको उन साइटों की सूची तैयार करनी होगी जो गेस्ट पोस्ट स्वीकार करते हैं। गेस्ट पोस्ट के बारे में विस्तृत जानकारी पाने के लिए ‘Guest Post Kaise Kare‘ इस पोस्ट को पढ़ें। इस पोस्ट में, उन साइटों की भी सूची दी गई है जो हिंदी और अंग्रेजी भाषा में लिखे हुए पोस्ट स्वीकार करते हैं। जब आपके पास एक बार गेस्ट पोस्ट स्वीकार करने वाले साइटों की सूची मिल जाएगी, तब आप उनसे ईमेल के द्वारा संपर्क कर सकते हैं और गेस्ट पोस्ट के लिए बात कर सकते हैं। फिर आप उनके लिए एक उच्च गुणवत्ता वाला पोस्ट लिख सकते हैं। जिस पोस्ट को आप गेस्ट पोस्ट के रूप में पेश करेंगे, उसमें आपके पोस्ट या ब्लॉग का लिंक होगा और इस प्रकार आपको उच्च गुणवत्ता वाला डू फॉलो लिंक प्राप्त होगा।

13. Voice Search के लिए Keywords को Optimize करें

आधुनिक दुनिया में ज्यादातर लोग बोलकर सर्च करते हैं और Google भी वॉइस सर्च कर खास करके ध्यान दे रहा है। बहुत से लोग अपने ब्राउज़र में कीवर्ड को टाइप करते हैं और बहुत से लोग बोलकर लिखते हैं इसे ही वॉइस सर्च कहा जाता है। इसलिए, जब आप अपने पोस्ट में कुछ लिखने की सोचते हैं, तो सबसे पहले यह जानना चाहिए कि आपके विषय को लोग किस तरह से बोलकर सर्च करते हैं। इससे आप उन शब्दों का उपयोग कर सकते हैं जो लोग अक्सर सर्च करते हैं और जिनके अंतर्गत आपका विषय आता है। यदि आप इस तरह के कीवर्ड का उपयोग करते हैं, तो आपकी पोस्ट को ज्यादा से ज्यादा लोगों तक पहुंच मिल सकती है।

14. Google Search Console को चेक करते रहें

आप अपने ब्लॉग को Google Search Console में वेरिफाई करते होंगे, जो पूरी तरह से एक मुफ्त और शक्तिशाली टूल है। यह टूल आपको अपनी वेबसाइट पर कमियों का पता लगाने में मदद करता है जिसके बाद आप उन्हें सुधार सकते हैं। गूगल सर्च कंसोल को नियमित रूप से खोलें और अपनी वेबसाइट की कमियों को जांचें, उन्हें ठीक करने की कोशिश करें क्योंकि यह आपके ब्लॉग को टॉप पर रैंक करने में बहुत अहम रोल अदा करता है।

Blog Ko Rank Kaise Kare

ऊपर हमने बताया है कि आप अपने ब्लॉग को कैसे रैंक करा सकते हैं लेकिन कुछ लोग अपने ब्लॉग को जल्दी से जल्दी रैंक कराने के लिए ग़लत तरीके अपनाते हैं। गूगल ऐसे तरीकों को बिल्कुल भी पसंद नहीं करता है और इसलिए आपका ब्लॉग शुरुआत में तो रैंक हो सकता है, लेकिन बाद में गूगल के नजर में आते ही उसे सर्च इंजन से गायब होना पड़ सकता है। इसलिए सर्च इंजन के नियमों का ध्यान रखकर ही अपने ब्लॉग को रैंक कराने की कोशिश करें और ग़लत तरीकों को नहीं अपनाएं।

15. Top Level Domain खरीदें

ब्लॉगिंग में आजकल इतनी कम्पटीशन हो गई है कि आपको अपने ब्लॉग को रैंक करवाने के लिए एक टॉप लेवल डोमेन की आवश्यकता होती है। कई नए ब्लॉगर सालों तक सबडोमेन पर ही अपना ब्लॉग चलाते हैं, लेकिन कठिन मेहनत के बावजूद उन्हें सफलता नहीं मिलती है।

आपने खुद भी देखा होगा कि वेबसाइट्स जो गूगल में रैंक करती हैं, उनके डोमेन टॉप लेवल होते हैं, जैसे .com, .net, .org, .in आदि। इसलिए, गूगल में रैंक करने के लिए पहला नियम है कि आपको टॉप लेवल डोमेन खरीदना चाहिए।

इसके साथ ही, आपको ध्यान देना चाहिए कि आपके डोमेन नाम में अपने नीचे से संबंधित कीवर्ड को शामिल करें, जिससे आपका ब्लॉग गूगल में उस कीवर्ड पर दिखाई दे।

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FAQs

Q.1- ब्लॉग को रैंक होने में कितना समय लगता है?

SEO.co के मुताबीक, अगर आप अच्छी वेबसाइट पोस्ट लिखते हैं और सर्च इंजन के अनुकूलन काम करते हैं, तो Google के पहले पेज पर रैंक करने में 3 से 6 महीने तक का वक़्त लग सकता है। अगर अधिक प्रतिस्पर्धा होती है या आपकी वेबसाइट को अनुकूलित नहीं किया गया है, तो रैंकिंग में सफलता पाने में 6 से 12 महीने लग सकते हैं।

Q.2- ब्लॉग पोस्ट कैसा दिखता है?

ब्लॉग पोस्ट कुछ लेख, समाचार खंड या गाइड होती है, जो किसी वेबसाइट के ब्लॉग अनुभाग में पोस्ट की जाती है। ब्लॉग पोस्ट एक ख़ास टॉपिक या सवाल पर आधारित होती है जो शैक्षणिक होता है और इसमें तक़रीबन 600 से 2,000+ शब्द होते हैं। इसमें अन्य मीडिया के रूप जैसे फोटो, वीडियो, इन्फोग्राफिक्स और इंटरैक्टिव चार्ट शामिल होते हैं जो पोस्ट को समृद्ध और रोचक बनाते हैं।

Q.3- ब्लॉग पोस्ट कितने शब्द का होना चाहिए?

हमारे विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि 1500-2000 शब्द एक आदर्श लंबाई है ब्लॉग पोस्ट की।

Q.4- हम कौन से टॉपिक पर ब्लॉग लिख सकते हैं?

ब्लॉग लिखते समय हमेशा ऐसे विषय को चुनना चाहिए जिसमें हमें रूचि हो, क्योंकि ऐसे विषय में हम पाठकों को दूसरे ब्लॉग्स से बेहतर जानकारी दे सकते हैं और हमें लेखन में भी बोरियत नहीं महसूस होगी।

Q.5- आप एक दिन में कितने ब्लॉग पोस्ट लिख सकते हैं?

एक दिन में कितने ब्लॉग पोस्ट लिखे जाने चाहिए? A. ज्यादातर लोगों के लिए, प्रतिदिन 5 ब्लॉग पोस्ट एक मजबूत ब्लॉगिंग प्रवेश के लिए काफी होते हैं। कुछ लोग प्रतिदिन 5 गुणवत्ता वाले पोस्ट लिखकर Google रैंकिंग के पहले पेज पर पहुंचने में काबिल होते हैं, जो उनके खुद के और long tail कीवर्ड के साथ जुड़े होते हैं।

Q.6- ब्लॉगर पर 1k व्यूज कितना पैसा है?

ब्लॉगर्स की आमदनी प्रति 1,000 व्यूज पर कितनी होती है? एक ब्लॉग पर Google AdSense या किसी अन्य विज्ञापन प्लेटफ़ॉर्म के साथ अपने विज्ञापन लगाने से, प्रति 1,000 पेज व्यू पर $2 से $5 तक की कमाई होती है। यदि आपके ब्लॉग पर दिनभर में 10,000 बार से ज्यादा देखा जाता है, तो आप अपनी आमदनी को $20 से $50 तक बढ़ा सकते हैं।